2026 darkness shayari in hindi
अंधेरा घना है, कोई सितारा नहीं,
दिल का आलम ये है, कोई हमारा नहीं।
तन्हाई में इस कदरअंधेरा छा गया,
हम खुद को ढूंढते रहे और वक्त बीत गया।

घबरा नहीं जाते अंधेरा देख के,
ये दौर-ए-शाम भी गुज़र ही जाता है।
एक आवाज़ सी गूंजी रात के सन्नाटे में ,
टूट कर बिखर गया हूँ, ये आवाज़ थी मेरी।
तेरे बिना कटती नहीं ये रातें,
अंधेरा है और आँखें मिचती नहीं।

वो चराग़-ए-मोहब्बत बुझ गया है कब का,
अब इस शहर में अंधेरा ही अंधेरा है।

अंधेरा यूँ ही नहीं फैलता दिल में,
तेरे शहर की हर गली मुझे तेरे घर ले आती है।

चराग़ जलते हैं लोगों के घर में रोशनी के लिए,
हमने अंधेरे में रहना सीख लिया, क्योंकि उनके घर में चराग़ नहीं।
इस अंधेरे का मलाल नहीं मुझे,
है दर्द परवर, इसकी आदत सी हो गई है।
कुछ ऐसा गम ने अंधेरे में घेरा,
के हमें रोशनी से भी परहेज़ हो गया।
darkness shayari in hindi Separation Judai and Longing
हम अंधेरे में खो गए इस कदर,
के रोशनी से मिलना गवारा नहीं।
हर रौशनी के पीछे अंधेरा छुपा है,
ये जान लेना ही जिंदगी का हुनर है।
अंधेरे से ही तो चीज़ें साफ़ नज़र आती हैं,
रोशनी में तो सिर्फ़ दिखावा होता है।
अंधेरा किसी का दोस्त नहीं होता,
फिर भी रोशनी से ज़्यादा वफ़ादार होता है।
उजाला सिर्फ़ दिखाता है रास्ता,
अंधेरा चलना सिखाता है।
हमने अंधेरे को भी चमका दिया,
दर्द को अपने अपना लिया।
अंधेरा तो फैलता ही है,
फ़र्क बस इतना है के चराग़ किसके पास है।
ये अंधेरा, ये तन्हाई, ये सन्नाटा,
लगता है आज फिर से दिल टूटा है।
रौशनी के दीवाने तो बहुत हैं,
हम तो अंधेरे के परखने वाले हैं।
झूठी रोशनी से तो अंधेरा भला,
सच्चाई से मिलवाता है, अपनापन दिखाता है।

